बुधवार, 9 सितंबर 2020

गजल

चानन टिक्का आर मसुआइ
अजगुत खेला भाइ रे भाइ

दुनियाँ माने अतबे बूझू
झूर झमेला लाइ लपटाइ

ई सभ भेलै लेकिन फेरो
की सभ हेतै दाइ गे दाइ

सुख के माने तिलबा हेतै
दुख के माने लाइ चुड़लाइ

हुनके जकाँ हम हाथ जोड़ल
हुनके जकाँ हमहूँ नितराइ

सभ पाँतिमे 22-22-22 मात्राक्रम अछि। दू अलग-अलग लघुकेँ दीर्घ मानबाक छूट लेल गेल अछि। ई बहरे मीर अछि। सुझाव सादर आमंत्रित अछि।

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तोहर मतलब प्रेम प्रेमक मतलब जीवन आ जीवनक मतलब तों