Saturday, 12 September 2015

गजल


जकरे हाथमे किछु सत्ता छलै
तकरे हाथमे बड़ कत्ता छलै

कागजपर लिखल छै फागुन सही
गाछे गाछ पीयर पत्ता छलै

छै हड़ताल धरना अनशन बहुत
तैपर सैलरी बड़ भत्ता छलै

फाटल सनकेँ मोनक कागज मुदा
नीके नीक कपड़ा लत्ता छलै

असली चीज पिलुआ खदबद करै
तैपर मोट सुंदर गत्ता छलै


सभ पाँति 22221-22-2212 मात्राक्रम अछि
चारिम शेरक पहिल पाँतिक एकटा दीर्घकेँ लघु मानल गेल अछि
सुझाव सादर आमंत्रित अछि

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तोहर मतलब प्रेम प्रेमक मतलब जीवन आ जीवनक मतलब तों